केंद्रीय मंत्री अश्वनी चौबे बेटे के मोह में बोले FIR रद्दी का टुकड़ा, मेरा बेटा निर्दोष

मैं सरेंडर नहीं करूंगा. सरेंडर करने जैसी कोई बात नहीं है. जांच में पुलिस का भी सहयोग करूंगा. मुझे देश की न्याय व्यवस्था पर भरोसा है. लोग कह रहे हैं कि मैं गिरफ्तारी से बचने के लिए छिप रहा हूं, लेकिन ऐसा नहीं है. मैं घर पर ही हूं."

इंडिया, कोर न्यूज़ टीम पटना Last updated: 26 March 2018 | 17:09:00

केंद्रीय  मंत्री अश्वनी चौबे बेटे के मोह में बोले FIR रद्दी का टुकड़ा,  मेरा बेटा निर्दोष


बिहार के भागलपुर में दंगा भड़काने के मामले में मोदी सरकार के मंत्री अश्वनी चौबे अपने बेटे के बचाव में उतरे .उन्होंने कहा मेरा बेटा अर्जित बिल्कुल निर्दोष है और उसके खिलाफ दर्ज एफ आई आर का कोई महत्व नही है वो सिर्फ कागज का टुकड़ा है और कुछ नही।

 भागलपुर में दंगा भड़काने का मामला में अर्जित शाश्वत चौबे पहली बार मीडिया के सामने आए उन्होंने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से कहा कि वे गिरफ्तारी वारंट के खिलाफ अग्रिम जमानत याचिका दायर करेंगे.   

उन्होंने कहा कि, " मैं सरेंडर नहीं करूंगा. सरेंडर करने जैसी कोई बात नहीं है. जांच में पुलिस का भी सहयोग करूंगा. मुझे देश की न्याय व्यवस्था पर भरोसा है. लोग कह रहे हैं कि मैं गिरफ्तारी से बचने के लिए छिप रहा हूं, लेकिन ऐसा नहीं है. मैं घर पर ही हूं."


दूसरी ओर मुख्य विपक्षी पार्टी आरजेडी ने कहा कि बिहार के सीएम नीतीश कुमार गठबंधन सरकार के पार्टनर बीजेपी के दबाव में हैं.

तेजस्‍वी यादव ने कहा कि मुख्‍यमंत्री नीतीश कुमार को जवाब देना होगा कि कोर्ट की तरफ से गिरफ्तारी का वॉरंट जारी होने के बाद भी क्यों अरिजित शाश्वत खुले घूम रहे हैं। उन्‍होंने कहा कि नीतीश का सरकार पर कंट्रोल नहीं है और सरकार नागपुर से चल रही है। यह दिखाता है कि वह कितने कमजोर हो चुके हैं। इससे पहले अरिजित शाश्वत ने कहा था कि मैं न्‍यायालय की शरण में हूं। भागते वो है, खोजना उनको पड़ता है जो कहीं गायब हो गए हो। मैं समाज के बीच में हूं। 

अर्जित शाश्वत पर आरोप है कि उन्होंने प्रशासन की इजाजत के बिना पिछले रविवार को शोभा यात्रा निकाली और भड़काऊ भाषण दिए. इसकी वजह से भागलपुर के नाथनगर में सांप्रदायिक तनाव बन गया था. हालांकि, अर्जित की तरफ से कहा गया कि उन्होंने शोभा यात्रा निकालने की जानकारी प्रशासन को दी थी, लेकिन प्रशासन उस पर मौन रहा. प्रशासन ने इजाजत भी नहीं दी और न ही मना किया.

अरिजित शाश्वत ने कहा कि पुलिस मुझे गिरफ्तार करने के लिए आती है तो मैं वहीं करूंगा जो वो कहेंगे। मैंने अग्रिम जमानत याचिका दाखिल कर रखी है। अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट( एसीजेएम) अंजनी कुमार श्रीवास्तव ने नाथनगर पुलिस की ओर से दायर अर्जी पर वॉरंट जारी किया। पुलिस ने इस सिलसिले में दर्ज दो प्राथमिकियों में से एक में नामित नौ लोगों की गिरफ्तारी की मांग की थी। 



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